Kadapa Banana

Kadapa or YSR district as it is known today has been seen a phenomenal growth in banana cultivation in recent years. This district along with Anantapur and Kurnool has been identified as important horticulture crop clusters in the state and country. Under the guidance of the central government and Ministry of Agriculture and Farmers Welfare,... Continue Reading →

Thanamir Apple

Thanamir Village located on the foothills of Mount Saramati, often referred to as the 'pride of the Nagas' is perhaps one of the most beautiful villages of Asia. This village in Kiphire district is near the India–Myanmar border and is blessed with stunning natural beauty, huge diversity of flora and fauna, dense forest cover and... Continue Reading →

Kondagaon Cashew

The Bastar region in the state of Chhattisgarh is famous for its rich forest reserves, Non-timber forest products (NTFPs) and Minor Forest Produce (MFP). This region has a large tribal population who are revered for their expertise and knowledge in natural and organic farming.   Kondagaon, a part of Bastar region has been making massive... Continue Reading →

उत्तराखण्ड तेजपत्ता (Tejpat of Uttarakhand)

उत्तराखंड राज्य के नैनीताल, चमोली, टेहरी, बागेश्वर, अल्मोरा, पिथौरागढ़ और चंपावत जिलों में करीब १००० से २००० मीटर की ऊंचाई पर नम और छायादार स्थानों पर उगाए जाने वाले सुगंधित तेजपत्ता सन २०१६ में भौगोलिक सांकेतिक टैग (जी आई) प्राप्त करने का अधिकारी हुआ।   राष्ट्रीय और अन्तर्राष्ट्रीय बाजारों में उत्तराखंड का सुप्रसिद्ध तेजपत्ता मीठी... Continue Reading →

ओडिशा का रशोगुल्ला (Rasagola of Odisha)

जिसे देखते ही मुंह में पानी आ जाए, वो है, "ओडिशा का रशोगुल्ला" इसकी उत्पत्ति का इतिहास आठ सौ साल पुराना है। भगवान जगन्नाथ को रशोगुल्ला भोग के रूप में अर्पण करने की परंपरा सदियों से चली आ रही है। ऐसी मान्यता है की १२वी शताब्दी से यह अद्भुत मिष्ठान्न, जगन्नाथ मंदिर में नीलाद्री बिजे... Continue Reading →

भागलपुरी जर्दालू आम (Bhagalpuri Zardalu Mango, Bihar)

हालांकि भागलपुर के जर्दालू आम का उल्लेख भारत की उच्च कोटि की आम की श्रेणियों जैसे: दशहरी, लंगड़ा, हापुज में कहीं नहीं पाया जाता, परंतु इस सौंधी खुशबू वाले आम को अब धीरे धीरे वह पहचान मिल रही है, जिसका यह अधिकारी है। असल में, जर्दालू आम का अपना रोचक इतिहास है, कहा जाता है... Continue Reading →

महाराष्ट्र का लासलगाव प्याज़ (Lasalgaon Onion, Maharashtra)

नाशिक जिले के निफाड तालुक में स्थित लासलगाव न केवल भारत अपितु समस्त एशिया में प्याज का सबसे बड़ा बाज़ार है। कई लोगों को इस बात का पता ही नहीं होगा कि महाराष्ट्र देश में प्याज का सबसे बड़ा उत्पादक है। प्रसिध्द लासलगाव प्याज़ जिसे लाल निफाड या नाशिक प्याज के नाम से भी जाना... Continue Reading →

आसाम की तेज़पुर लीची (Tezpur Litchi of Assam)

पूर्वोत्तर राज्य आसाम के बारे में शायद बहुत से लोग इस बात से अनजान हैं कि यह राज्य जैविक विविधता, विभिन्न वनस्पतियों और जीव जंतुओं से समृद्ध राज्य है। आसाम अपनी उष्णकटिबंधीय वर्षा वनों, बांस के बगीचों, राष्ट्रीय उद्यानों साथ ही विभिन्न प्रकार की स्थानीय खेती और फलों के उत्पादन के लिए भी जाना जाता... Continue Reading →

त्रिपुरा की क्वीन पाइनएप्पल (Tripura Queen Pineapple)

ऐसा माना जाता है कि अप्रतिम सुन्दरता से परिपूर्ण पूर्वोत्तर राज्य त्रिपुरा का नाम वहां की देवी त्रिपुरसुंदरी के नाम पर पड़ा है। हालांकि १८०० से १९०० के आरम्भ के दशक में त्रिपुरा राज्य अपनी सुगंधित चाय के लिए सुप्रसिद्ध था, परन्तु आज इसने अपनी सार्वभौमिक पहचान उष्कटिबंधीय फल और सब्जियों की विस्तृत श्रृंखला के... Continue Reading →

मणिपुर का कचि नींबू (Kachai Lemon, Manipur)

आमतौर पर "मणिपुर का गौरव" नाम से प्रसिद्ध, वहां का अनोखा "कचि चंपरा" या कचि नींबू , उत्तरपूर्व के मणिपुर राज्य के ऊखरूल जिले के सुदूर गांव कचि में पाया जाता है। यह गांव नींबुओं का सबसे बड़ा उत्पादक है, परन्तु इस नींबू में ऐसी क्या खासियत है?   इसका कारण है वहां की उपोषणकटीबंधिय... Continue Reading →

कंधमाल हल्दी (Kandhamal Haladi, Odisha)

ओडिशा राज्य के दक्षिणी मध्य भाग में बसा कंधमालअपनी सुगंध से भरपूर हल्दी के लिए प्रसिद्ध है। इस स्थान पर हल्दी आदिवासियों द्वारा सदियों से उगाई जा रही है।   यहां का लगभग साठ से सत्तर प्रतिशत क्षेत्र पहाड़ी है और घने जंगलों से ढका हुआ है। जलवायु के हिसाब से, हल्दी के अलावा यह... Continue Reading →

गुजरात का भलिया गेहूं (Bhalia Wheat, Gujarat)

गुजरात के स्थानीय निवासियों का मानना है कि भाल नामक क्षेत्र में बड़े पैमाने पर उगाए जाने वाले गेहूं का नाम संस्कृत के शब्द भाल के ऊपर पड़ा है, जिसका अर्थ है 'मस्तक', ऐसा इसलिए है क्योकि यह क्षेत्र भी मस्तक के समान सपाट दिखता है। यह सुनने में अजीब लगता है, परन्तु वास्तव में... Continue Reading →

उत्तर प्रदेश का कालानमक चावल (Kalanamak Rice, Uttar Pradesh)

"कालानमक" जी हां, ये चावल की एक खास किस्म का नाम है, जो पूर्वी उत्तर प्रदेश के तराई क्षेत्रों में उपजाया जाता है। इसके ऊपर की भूसी काले रंग की होती है और साथ में नमक प्रत्यय क्यों जोड़ा यह तो हमारे पूर्वज बताने के लिए हैं नहीं। बहरहाल, आपको जानकर आश्चर्य होगा कि बेहद... Continue Reading →

Kanniyakumari Clove of Tamil Nadu

Tamil Nadu is the largest producer of clove in the country with Kanyakumari district contributing a sizeable portion to the total production.  Clove was introduced in India around the 1800s by the East India Company in its spice garden in Courtallam. The dense wooded areas of Maramalai, Karumparai and Vellimalai in the Western Ghats of... Continue Reading →

Shankaragaurishvara Temple, Pattan, Baramulla District, Union Territory of Jammu and Kashmir

Shankaragaurishvara Temple in Pattan is an exemplary example of Kashmiri temple style architecture prevalent in the 9th century. Modern Pattan is actually Shankarapattana, the capital founded by Shankaravarman of Utpala dynasty. Both Shankaravarman and his father Avantivarman were patrons of art, architecture and Sanskrit literature. Their noteworthy contribution to the revival of Hindu philosophy and... Continue Reading →

Sangli Turmeric of Maharashtra

Sangli located in the western part of Maharashtra is considered to be the largest and most important trading centre for turmeric in Asia. Popularly known as the 'Saffron City', Sangli has been cultivating its world-famous turmeric since the 1900s. It is said that large quantities of Sangli turmeric used to be exported through the Rajapur... Continue Reading →

Hatu Mata Mandir, Narkanda, Himachal Pradesh

Hatu Peak at a staggering elevation of 11,152 feet (3400 metres) is the highest peak in Shimla district in Himachal Pradesh. A narrow treacherous single road, a little away from Narkanda passing through dense forests of deodar, fir, spruce, blue pine and others on one side and a dizzying fall into a valley below leads... Continue Reading →

Hathei Chilli of Manipur

Hathei chilli or umoruk as it is called in the local dialect is considered to be God's gift and the pride of Ukhrul for the people of Sirarakhong. This special chilli along with the seven other organically grown varieties of chilli in Manipur have been cultivated for generations. Hathei chilli thrives only in the Mahadev... Continue Reading →

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